सामोद में है पैंथर का पूरा कुनबा, जाएँ तो सावधानी बरतें - Panthers in Samod

सामोद में है पैंथर का पूरा कुनबा, जाएँ तो सावधानी बरतें - Panthers in Samod, इसमें सामोद के आसपास के घूमने की जगहों पर पैंथर्स होने की जानकारी है।



अगर आप सामोद पहाड़ के किसी भी एरिया में घूमने जा रहे हैं तो आपको काफी सावधानी के साथ जाना चाहिए क्योंकि इन दिनों इस पहाड़ के कुछ हिस्सों पर कई पैंथर देखे गए हैं।

अभी कुछ दिनों से महारकलाँ गाँव में मालेश्वर महादेव मंदिर के आसपास की पहाड़ियों में पैंथर का मूवमेंट देखा गया है।

इसके अलावा सामोद में पैलेस रोड़ के पीछे  पहाड़ियों में भी अक्सर पैंथर देखा जा चुका है। बताया जा रहा है कि पहाड़ के आसपास के एरिया में लगभग आठ दस पैंथर हैं।

दरअसल सामोद में फॉरेस्ट एरिया बढ़ रहा है जिस वजह से पैंथर का कुनबा भी बढ़ रहा है। पैंथर के कुनबे की मूवमेंट कई बार महामाया मंदिर, पंचमुखी हनुमान मंदिर, चील तलाई और मालेश्वर महादेव मंदिर के पास में देखी गई है।

आपको बता दें कि सामोद के पहाड़ पर कई घूमने वाली जगह हैं जिनमें वीर हनुमान मंदिर, सामोद महल, सामोद का किला, मालेश्वर महादेव मंदिर, आमलोदा के मालागिरी आश्रम के साथ बारिश के मौसम में बहने वाले कई शानदार झरने शामिल हैं।

इन जगह पर दूर-दूर से लोग घूमने और पिकनिक मनाने के लिए आते रहते हैं। बारिश के मौसम में इस पहाड़ से कई झरने बहते हैं जिनमें से ज्यादातर सुनसान जंगली एरिया में बहते हैं।

आप जब भी सामोद के किसी भी एरिया में घूमने फिरने के लिए जाएँ तो सुनसान एरिया में अकेले ना जाए और सबसे जरूरी बात ये हैं कि अँधेरा होने से पहले ही वापस आ जाएँ।

सामोद में पैंथर्स होने का वीडियो - Video of Panthers in Samod



सोशल मीडिया पर हमसे जुड़ें (Connect With Us on Social Media)


डिस्क्लेमर (Disclaimer)

इस लेख में शैक्षिक उद्देश्य के लिए दी गई जानकारी विभिन्न ऑनलाइन एवं ऑफलाइन स्रोतों से ली गई है जिनकी सटीकता एवं विश्वसनीयता की गारंटी नहीं है। आलेख की जानकारी को पाठक महज सूचना के तहत ही लें क्योंकि इसे आपको केवल जागरूक करने के उद्देश्य से लिखा गया है। इसके अतिरिक्त इसके किसी भी उपयोग की जिम्मेदारी स्वयं उपयोगकर्ता की ही रहेगी।
रमेश शर्मा

नमस्ते! मेरा नाम रमेश शर्मा है। मैं एक रजिस्टर्ड फार्मासिस्ट हूँ और मेरी शैक्षिक योग्यता में M Pharm (Pharmaceutics), MSc (Computer Science), MA (History), PGDCA और CHMS शामिल हैं। मुझे भारत की ऐतिहासिक धरोहरों और धार्मिक स्थलों को करीब से देखना, उनके पीछे छिपी कहानियों को जानना और प्रकृति की गोद में समय बिताना बेहद पसंद है। चाहे वह किला हो, महल, मंदिर, बावड़ी, छतरी, नदी, झरना, पहाड़ या झील, हर जगह मेरे लिए इतिहास और आस्था का अनमोल संगम है। इतिहास का विद्यार्थी होने की वजह से प्राचीन धरोहरों, स्थानीय संस्कृति और इतिहास के रहस्यों में मेरी गहरी रुचि है। मुझे खास आनंद तब आता है जब मैं कलियुग के देवता बाबा खाटू श्याम और उनकी पावन नगरी खाटू धाम से जुड़ी ज्ञानवर्धक और उपयोगी जानकारियाँ लोगों तक पहुँचा पाता हूँ। इसके साथ मुझे अलग-अलग एरिया के लोगों से मिलकर उनके जीवन, रहन-सहन, खान-पान, कला और संस्कृति आदि के बारे में जानना भी अच्छा लगता है। साथ ही मैं कई विषयों के ऊपर कविताएँ भी लिखने का शौकीन हूँ। एक फार्मासिस्ट होने के नाते मुझे रोग, दवाइयाँ, जीवनशैली और हेल्थकेयर से संबंधित विषयों की भी अच्छी जानकारी है। अपनी शिक्षा और रुचियों से अर्जित ज्ञान को मैं ब्लॉग आर्टिकल्स और वीडियो के माध्यम से आप सभी तक पहुँचाने का प्रयास करता हूँ। 📩 किसी भी जानकारी या संपर्क के लिए आप मुझे यहाँ लिख

एक टिप्पणी भेजें

और नया पुराने